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PF रिजेक्शन के सभी कारणों का हल, EPF ऑनलाइन Withdraw कैसे करें?

PF अकाउंट से सम्बंधित अनेक प्रकार की दुविधाएं लोगों के मन में रहती है तथा विशेष रूप से जब कोई कर्मचारी अपनी PF राशि को Withdraw करना चाहता है तो कई बार यह रिजेक्ट भी हो जाती है।

तो आज हम इस आर्टिकल में उन सभी कारणों की चर्चा करेंगे जिनकी वजह से आपका PF रिजेक्ट हो सकता है तथा साथ ही साथ हम इन कारणों के साथ इनके Solution की भी चर्चा करेंगे।

PF रिजेक्शन के प्रमुख कारण आप इस लिस्ट में देख सकते है

1. Name not printed / Different in Cheque

PF Withdrawal के लिए आपको अपनी पासबुक या चेक की फोटोकॉपी अपलोड करनी अनिवार्य है। ऐसा इसलिए किया जाता है ताकि आपकी KYC को आपकी बैंक डिटेल्स के साथ Match किया जा सकें तथा विभिन्न प्रकार के बैंकिंग फ्रॉड्स से बचा जा सकें। जब आप अपनी चेकबुक लेते हैं तो आप नाम सहित या बिना नाम की भी ले सकते है। अगर आप बिना नाम का चेक PF पोर्टल पर अपलोड करते है तो आपका PF रिजेक्ट हो सकता है क्योंकि आपका नाम वेरीफाई नहीं हो पाता है।

तो इस समस्या के हल के लिए आप या तो अपने नाम सहित चेक अपलोड कर सकते है या फिर अपनी बैंक पासबुक का पहला पेज अपलोड कर सकते है तथा आपकी पासबुक में नाम तथा बैंक डिटेल्स वही होनी चाहिए जो आपकी KYC में है।

2. Member name as per KYC bank details is different from that in the office records

अगर आपके आधार कार्ड तथा आपके बैंक अकाउंट के नाम Match नहीं करते तो भी आपका PF रिजेक्ट हो सकता है। अतः बैंक डिटेल्स अपलोड करते समय हमें इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि बैंक अकाउंट तथा PF अकाउंट के नाम बिलकुल Same होने चाहिए। अगर आपने गलत बैंक अकाउंट अपलोड कर दिया है तो आप इसे अपडेट भी कर सकते है। इसके लिए आपको PF पोर्टल पर जाकर अपनी बैंक KYC डिटेल्स को अपडेट करना होगा तथा इसके बाद अपने Employer से इसको Approve करवाना होगा। अब अगले PF क्लेम में आपका नया वाला बैंक अकाउंट दिखाई देगा तथा इससे सम्बंधित किसी भी प्रकार कि समस्या नहीं आएगी।

3. 11 digit account number system not accepting

भारत के लगभग सभी बैंक्स में 12 से 16 अंकों का अकाउंट नंबर होता है लेकिन SBI यहां एक अपवाद है क्योंकि SBI का अकाउंट नंबर केवल 11 अंकों का होता है लेकिन जब हम ऑनलाइन देखते है तो हमे यही अकाउंट नंबर 17 अंकों का दिखाई देता है।

अतः हमें PF पोर्टल पर यह 17 अंकों वाला अकाउंट नंबर अपलोड करना चाहिए तथा इसके बाद अपनी Employer से इसको Approve जरूर करवाना चाहिए।

4. Bank details are incorrect

कई बार ऐसा होता है कि सारी बैंक डिटेल्स सही से अपलोड करने के बाद भी वहां एक Error दिखाई देती है। तो इसका मतलब यह है कि शायद आपने बैंक अकाउंट के रूप में एक जॉइंट बैंक अकाउंट का उपयोग किया है। अगर यह जॉइंट अकाउंट आपके Spouse के साथ है तब तो PF डिपार्टमेंट इसको स्वीकार कर लेता है लेकिन किसी अन्य व्यक्ति के साथ होने पर इसको Accept नहीं किया जाता है।

इसके अलावा दूसरा कारण यह हो सकता है कि बैंकों के विलय के कारण आपकी बैंक का IFSC कोड बदल गया हो तो इसके लिए आपको PF पोर्टल पर अपनी KYC को दुबारा अपलोड करना आवश्यक है।

5. Settled but return

अनेक बार ऐसा होता है जब PF डिपार्टमेंट आपके बैंक अकाउंट में कुछ रिफंड अमाउंट भेजता है लेकिन बैंक इसको रिजेक्ट कर देता है तथा कारण यह बताया जाता है कि बैंक अकाउंट या IFSC Match नहीं हो रहे है।

तो इस कंडीशन को Settled but return के रूप में दिखाया जाता है। इस समस्या का हल निकालने के लिए आपको PF पोर्टल पर अपनी सटीक KYC अपलोड करनी होगी तथा इसके बाद आप पुनः PF क्लेम के लिए अप्लाई कर सकते है। आपको अपनी बैंक पासबुक की कॉपी अपलोड करने के साथ एक Application भी सलंग्न करनी होगी जिसमे आप यह बता सकते है कि आपने KYC दुबारा अपलोड की है। अगर आप यह काम ऑफलाइन करना चाहते है तो आप एक Reauthorization फॉर्म भर सकते है तथा इसको आधार कार्ड तथा बैंक पासबुक की कॉपी सहित नजदीकी PF ऑफिस में सबमिट करवा सकते है।

6. Certificate not signed / enclosed (A/B/C/D/E)

जब भी हम PF रिजेक्शन नोटिस देखते है तो वहां हमेशा 2 कारण दिखाई देते है। रिजेक्शन के कारणों की Drop-Down लिस्ट में हमे 2 कारण दिखाई देते है तथा कई बार PF डिपार्टमेंट का क्लर्क पहले कारण के रूप में Others  लिख देता है तथा उसके नीचे अलग से सम्बंधित कारण बता देता है तथा द्वितीय कारण के रूप में अक्सर हमे यह दिखाई देता है – “Certificate not signed/enclosed (A/B/C/D/E)” ।

अनेक PF मेंबर्स के मन में यह दुविधा रहती है की आख़िरकार यह Certificates (A/B/C/D/E) क्या है ?

ज्यादातर Cases में अगर पहले कारण में सही तरीके से रिजेक्शन का कारण बता दिया गया है तो आपको इस दूसरे कारण पर ज्यादा ध्यान देने की आवश्यकता नहीं है। लेकिन कुछ Cases में (जैसे Advance PF Claim) यह दूसरा कारण ध्यान देने योग्य हो सकता है। तो अगर आप natural calamity, strike, factory lock down आदि कारणों के लिए Advance क्लेम कर देते है तो आपको फिर इन फॉर्म्स को भरना पड़ता है। ये छोटे छोटे 2-3 लाइन्स के फॉर्म होते है जो आपको अपनी पासबुक सहित PF ऑफिस में जमा करवाने होते है। अतः हमारी सलाहनुसार आप जब भी Advance Claim के लिए आवेदन करते है तो आप इन कारणों की बजाय अन्य कारण जैसे Illness आदि भी भर सकते है।

7. PDF not opened, resubmit

कई बार जब PF डिपार्टमेंट के अधिकारी कर्मचारियों द्वारा अपलोड की गई PDFs को देखने की कोशिश करते है तो ये फाइल्स Open नहीं होती है। इसका सीधा सा हल ये है कि आप एक प्रॉपर पीडीऍफ़ अपलोड करें। अगर आप CamScanner App की सहायता से अपनी फाइल्स को पीडीऍफ़ में कन्वर्ट करते है तो इनको आसानी से देखा जा सकता है तथा यह एक आसान प्रक्रिया भी है।

8. Wages less than 15000, Eligible for pension membership but ESTT not remitted pension contribution

1 सितम्बर 2014 को EPFO ने एक सर्कुलर GSR 609(E) रिलीज़ किया जिसके अनुसार अगर कोई नया कर्मचारी Rs 15,000 से ज्यादा सैलरी पर PF ज्वाइन करता है तो उसका पेंशन Contribution 0 होना चाहिए। हो सकता है कि पहले कारण में Employer ने इसके कारण Employee का पेंशन Contribution नहीं दिया हो लेकिन अनेक जगहों पर अभी भी इसके बारे में ज्यादा Awareness नहीं है। तो अगर आपको यह कारण दिखाई देता है तो आपको एक Application अपनी पासबुक के साथ सबमिट करनी होगी।

9. Member DOJ after 1/9/2014, wages more than 15000, please confirm if previous service any

इस कंडीशन में आपको एक Revised फॉर्म 3A सबमिट करना होता है। यह फॉर्म यह बताता है कि एक कर्मचारी का PF contribution कौन-कौनसे अकाउंट में जाना चाहिए। माना कि आप पेंशन में पैसा डालना नहीं चाहते थे लेकिन आपने डाल दिया था या फिर आपने नहीं डाला था लेकिन आप डालना चाहते है। तो इस प्रकार के Issues के लिए यह फॉर्म काफी उपयोगी है। आपको यह फॉर्म PF डिपार्टमेंट में जमा करवाना होगा।

यह ध्यान देने वाली बात है कि GSR 609(E) को सुप्रीम कोर्ट द्वारा 2019 में Struck Down कर दिया गया था तथा इसके बारे में हमे कोई नई अपडेट अब तक प्राप्त नहीं हुई है। अगर आप 2019 की लेटेस्ट PF updates के बारे में जानना चाहते है तो आप यहां से जान सकते है – All EPF, ESI & Labour Law Updates 2019

10. Date of leaving wrong, Contribution coming after leaving date

कई बार ऐसा होता है जब आपका Employer आपकी Date of leaving को अपडेट करने के बाद अपना PF contribution करता है जिसकी वजह से आपका PF क्लेम नहीं हो पाता है। इस समस्या का हल ये है क़ि आपको अपनी Date of leaving में करेक्शन करने की आवश्यकता है जिसके लिए आपको जॉइंट डिक्लेरेशन फॉर्म भरना पड़ेगा।

अगर आप जॉइंट डिक्लेरेशन फॉर्म के बारे में सरल हिंदी भाषा में जानना चाहते है तो इस आर्टिकल को जरूर पढ़ें –

11. DOJ / DOE does not match the company records

यह कारण भी हमारे पिछले कारण से मिलता जुलता ही है। इसके लिए भी कर्मचारी तथा नियोक्ता को एक जॉइंट डिक्लेरेशन फॉर्म भरना पड़ेगा तथा इस फॉर्म में आप सटीक Date of joining/Date of Exit भर सकते है। इस फॉर्म को आप अन्य आवश्यक कागजातों के साथ EPFO में सबमिट कर सकते है।

पूरी प्रक्रिया जानने के लिए आप इस आर्टिकल को पढ़ सकते है – Joint Declaration Form In Hindi 

12. Insufficient Service

अगर आप पेंशन withdrawal के लिए अप्लाई करना चाहते है तो आपको न्यूनतम 6 महीने की नौकरी सम्बंधित कंपनी में अनिवार्य रूप से करनी होगी। 6 महीने से पहले आप Form 19 के लिए तो आवेदन कर सकते है लेकिन Form 10C के लिए अप्लाई नहीं कर सकते।

पेंशन Withdrawal के बारे में विस्तार से जानने के लिए यहां क्लिक करें – EPFO Pension – Withdrawal, Calculation Formula 

13. Submit Form 19 and 10C both

इस कारण में आपको यह बताया जाता है क़ि आपने केवल फॉर्म 19 ही सबमिट किया है जिसके कारण EPFO आपका क्लेम रिजेक्ट कर रहा है। हालाँकि इस कारण का वैसे कोई औचित्य नहीं है लेकिन फिर भी हम आपको यही सलाह देंगे क़ि अगर आप अपनी Full PF तथा Pension को withdraw करवाना चाहते है तो आपको Drop-down लिस्ट में से Form 19 तथा Form 10C  दोनों सेलेक्ट करने चाहिए जिससे क़ि आपका क्लेम रिजेक्ट नहीं हो। अगर आप केवल अपनी PF राशि को निकलना चाहते है तो आप केवल Form 19 भर सकते है तथा इसी प्रकार केवल Pension Amount को Withdraw करने के लिए Form 10C भर सकते है। लेकिन ज्यादातर ऐसा होता है क़ि जब आपने केवल Form 19 भरा हो तो PF डिपार्टमेंट आपका क्लेम रिजेक्ट कर देता है।

अगर आप विभिन्न प्रकार के PF फॉर्म्स के बारे में जानना चाहते है तो यह आर्टिकल पढ़ सकते है – PF Forms | Types And Importance

14. Multiple PF numbers (Claim already settled)

कई बार ऐसा होता है क़ि अगर आपके एक से ज्यादा PF नंबर्स है तथा आप अपने लेटेस्ट PF अकाउंट से कोई Withdraw करते है तो आपके पुराने PF अकाउंट से कुछ राशि आपके नए अकाउंट में ट्रांसफर हो जाती है तथा आपके नए PF अकाउंट में Withdraw करने के लिए कुछ Pending अमाउंट दिखाई देती है तथा आप जब इस अमाउंट को निकलने के लिए आवेदन करते है तो आपका क्लेम रिजेक्ट हो जाता है तथा कारण यह बताया जाता है क़ि आपका क्लेम Already Settled है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि जब भी EPF डिपार्टमेंट में काम करने वाले बंदे आपका क्लेम Settle करने क़ि कोशिश करते है तो उनको वहां एक Error दिखाई देता है जिसमे यह कहा जाता है क़ि क्लेम Already Settled है।

अब इस बात क़ि बहुत कम सम्भावना रहती है क़ि PF डिपार्टमेंट के स्टाफ आपकी पासबुक को ध्यान से देखें तथा उसके बाद मामले को जानकर आपका क्लेम Approve करें इसके बजाय वो सीधा आपका क्लेम रिजेक्ट कर देते है।

इस समस्या से निजात पाने के लिए आप अपनी पासबुक की कॉपी सहित एक Application अपलोड कर सकते है जिसमे आप ये बता सकते है क़ि अभी भी आपके अकाउंट में कुछ पैसा पड़ा है जो निकाला जा सकता है।

15. As per March, June, etc etc, contribution not received

इस कारण में आपको ये बताया जाता है क़ि आपके Employer ने PF राशि का भुगतान नहीं किया है जिसके कारण EPFO आपका क्लेम Approve नहीं कर पा रहा है। एक कर्मचारी के तौर पर आप इस समस्या के बारे में ज्यादा कुछ नहीं कर सकते। आप बस इतना कर सकते है क़ि अपनी पासबुक को नियमित रूप से चेक करते रहें तथा अगर आपका Employer आपका PF कंट्रीब्यूशन नहीं कर रहा है तो उसको तुरंत इसके बारे में बताए जिससे आपका क्लेम भविष्य में रिजेक्ट न हों।

16. Name different in our portal and KYC

अगर कर्मचारी का नाम आधार कार्ड तथा PF पोर्टल पर भिन्न भिन्न है तो यह कारण आपको दिखाई दे सकता है।

इस समस्या को हल करने का तरीका यही है क़ि आप एक एप्लीकेशन सहित एक जॉइंट डिक्लेरेशन फॉर्म भरें तथा सम्बंधित करेक्शन का इसमें वर्णन कर दें।

17. Father’s name different

PF पासबुक के अस्तित्व में आने के बाद यह कारण काफी कर्मचारियों के PF क्लेम रिजेक्शन का कारण बनता जा रहा है।

इसको हल करने के लिए आप पासबुक के स्थान पर अपना चेक अपलोड कर सकते है क्योंकि चेक में आपके पिताजी का नाम नहीं लिखा होता। चेक अपलोड करने से पहले यह सुनिश्चित करले क़ि PF पोर्टल पर कर्मचारी का नाम तथा चेक में लिखा नाम दोनों बिलकुल same होने चाहिए।

हालाँकि आप जॉइंट डिक्लेरेशन फॉर्म की सहायता से भी ऐसा कर सकते है।

18. Service Overlapped

अगर आप एक साथ किन्ही 2 कंपनियों में काम कर रहे है यानी आपकी सर्विस Overlape हो रही है तो आपका PF क्लेम , ट्रांसफर आदि होने में बहुत सारी समस्याएं आती है। हालाँकि एक Merging की सुविधा उपलब्ध है लेकिन आप वो केवल PF ऑफिस में जाकर करवा सकते है क्योंकि यह सुविधा अभी तक ऑनलाइन उपलब्ध नहीं है।

अगर आप इन सभी कारणों के बारे में और ज्यादा विस्तार से जानना चाहते है तो इस वीडियो को देख सकते है –

क्या आपका Employer भी आपकी KYC Approve नहीं कर रहा है तो ऐसी कंडीशन में आप क्या कर सकते है?
जानने के लिए इस आर्टिकल को जरूर पढ़ें – Employer is not approving KYC
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Heena Siddique
Bibliophile. Turophile. Foodie. Tea enthusiast. Shopaholic. Sitcom addict. Movie buff.

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